Tag archive

lessons

‘बचपन’ आज और कल

in Uncategorized

समय की थोड़ी सी इकाइयो का लेखा-जोखा नहीं, जीवन का सौंदर्य है बचपन ।आज बचपन की मोहक स्मृतियां दस्तक दे रही हैं ,इसलिए सुधी पाठकों से स्मृतियां सांझा करने के लिए लेखनी उतावली हो रही है। गर्मी की छुट्टियां और शरारतो का दौर शुरु, धूल की परवाह किए बिना आंधियों में अमिया चुनने दौड़ पड़ना,…

Keep Reading

जीवन के रंग

in Uncategorized

जब मां बाबा के साथ रहे, तब सतरंगी त्योहार रहे। जब जीवन में साथी आया, तब नया दृष्टिकोण पाया। फिर पीछे कुछ छूट गया, मन के अंदर कुछ टूट गया। पिछले धुंधले परिदृश्य आज, मुखरित होकर कर रहे बात, कोई नही है अब आसपास, जिसका होना कुछ लगे खास। मत पूछो इस इक जीवन में,…

Keep Reading

वक्त का दरिया

in Uncategorized

सोचा था कि……., जब कभी वक्त नहीं होगा, एहसास की लहरों पर, मैं खुद को भिगो लूंगी । जब फूल भी ना होंगे तब खुश्क से मौसम में, पत्तों के खड़कने पर, संगीत बना लूंगी। पेड़ों पर आएगी, जब भी नयी तरुणाई, नव शब्द की माला से, नए गीत बना लूंगी। अब वक्त के बहते…

Keep Reading

सड़क

in Uncategorized

खुली सड़क पर घूम रहा था, वो अनाथ बच्चा, मै बोली, तुम कुछ पढो,लिखो, यूं घूमना नहीं अच्छा । मै सड़क किनारे पला, बढ़ा, इस खुली सड़क पर सोता हूं। भूख से पिचका पेट लिए, भरने को इसे तरसता हूं। तुम बड़े लोग का पेट,जेब, हरदम रहता  है,भरा भरा, तभी तुम्हे तो दिखता है, हर…

Keep Reading

Go to Top